होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में गुजिया हमेशा से सबसे लोकप्रिय और परंपरागत व्यंजन रहा है। गुजिया को बनाने के लिए सबसे पहले अच्छे से मैदा छान लें और उसमें थोड़ा सा घी डालकर हाथ से गूंधें। आटे को गूंधते समय ध्यान रखें कि आटा न बहुत सख्त हो और न बहुत नरम। अगर आटा ज्यादा सख्त होगा तो गुजिया फट सकती है और अगर नरम होगा तो भरावन भरते समय कठिनाई आएगी। गुजिया के लिए पारंपरिक भरावन में खोया, चीनी, सूखे मेवे जैसे काजू, बादाम और किशमिश शामिल होते हैं। आप चाहें तो नारियल, खजूर या हल्के मसाले भी डाल सकते हैं ताकि गुजिया का स्वाद और भी बढ़ जाए।
भरावन तैयार करने के बाद छोटी-छोटी पूरियां बेलें, उनमें भरावन डालें और किनारों को अच्छी तरह दबाकर बंद करें ताकि तलते समय भरावन बाहर न निकले। गुजिया तलने के लिए कढ़ाही में मध्यम आंच पर तेल गरम करें। तेल का तापमान बहुत अधिक न हो, अन्यथा गुजिया बाहर से जल जाएगी और अंदर कच्ची रह जाएगी। गुजिया को तेल में डालते समय सावधानी रखें और धीरे-धीरे तलें। तलने के बाद गुजिया को किचन पेपर पर रखें ताकि अतिरिक्त तेल निकल जाए और गुजिया क्रिस्पी और कुरकुरी बनी रहे।
हाथ से तैयार गुजिया का स्वाद मिक्सर से बनी गुजिया की तुलना में हमेशा ज्यादा परंपरागत और स्वादिष्ट होता है। होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में गुजिया को सजाने के लिए आप ऊपर से पाउडर चीनी या ड्रमस्टिक का हल्का छिड़काव कर सकते हैं। बच्चों और बड़ों दोनों को यह बहुत पसंद आएगी। होली के त्यौहार में गुजिया के साथ अगर ठंडी मिठाई या चाय सर्व करें तो माहौल और भी खुशहाल हो जाता है। इस तरह, गुजिया न केवल स्वादिष्ट बनती है बल्कि होली के रंगों और उत्साह के साथ परंपरा को भी जीवित रखती है।

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Toggleहोली पर बिना मिक्सर की रेसिपी: दही भल्ला
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में दही भल्ला सबसे आसान और लोकप्रिय व्यंजन है, जो हर उम्र के लोगों को पसंद आता है। दही भल्ला बनाने के लिए सबसे पहले उरद की दाल को रातभर भिगोकर रखना होता है। अगले दिन दाल को मिक्सर के बिना हाथ से अच्छी तरह पीसकर, हल्का सा नमक और हरी मिर्च डालकर मुलायम मिश्रण तैयार करें। यह प्रक्रिया थोड़ा समय लेने वाली है, लेकिन हाथ से पीसे हुए दाल का स्वाद मिक्सर से बनी पेस्ट की तुलना में कहीं अधिक प्राकृतिक और पारंपरिक होता है।
दाल का मिश्रण तैयार होने के बाद उसे छोटे-छोटे गोल आकार में बनाएं और उबलते पानी में या तेल में हल्का सा तलकर भल्ला तैयार करें। भल्ला तैयार करने के बाद ठंडे पानी में डालकर इसे कुछ मिनट के लिए रखें, ताकि यह फूल जाए और नरम हो जाए। इसके बाद भल्लों को हल्का निचोड़कर अतिरिक्त पानी निकाल दें। अब दही को फेंटकर उसमें थोड़ा सा नमक और चीनी मिलाएं। दही में भल्ला डालें और ऊपर से हरा धनिया, लाल मिर्च पाउडर, भुना जीरा पाउडर और इमली की चटनी डालकर परोसें।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में दही भल्ला को सजाते समय आप रंग-बिरंगी दालचीनी या पिस्ता भी छिड़क सकते हैं, जिससे यह देखने में भी आकर्षक लगे।दही भल्ला खाने में ठंडा और ताजगी देने वाला होता है, इसलिए होली के गर्म मौसम में यह बेहद पसंद किया जाता है। हाथ से तैयार दाल और दही की ताजगी से हर काट में स्वाद का अनोखा अनुभव मिलता है। यह न केवल बच्चों के लिए बल्कि बड़े-बड़ों के लिए भी होली का एक खास व्यंजन बन जाता है। होली की रंगीन उत्सव में दही भल्ला परंपरा और स्वाद दोनों को जीवित रखता है।

होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी: ठंडाई
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में ठंडाई एक ऐसा पेय है जो होली के उत्सव को और भी रंगीन और खुशहाल बना देता है। ठंडाई बनाने के लिए सबसे पहले सभी सूखे मेवे जैसे बादाम, काजू, पिस्ता और काली मिर्च को रातभर भिगोकर नरम करें। आप मिक्सर का इस्तेमाल न करके इन मेवों को हाथ से अच्छी तरह पीस सकते हैं। हाथ से पीसा हुआ मिश्रण ज्यादा प्राकृतिक और मलाईदार बनता है। इसके बाद गुलाबजल, केसर, और थोड़ा इलायची पाउडर मिलाकर ठंडाई का बेस तैयार करें।
दूध को अच्छे से उबालें और ठंडा होने पर इसमें तैयार मिश्रण डालें। चीनी स्वाद अनुसार डालें और अच्छे से मिलाएं। ठंडाई को सजाने के लिए ऊपर से पिस्ता और केसर डाल सकते हैं।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में ठंडाई का स्वाद हाथ से बने मसालों और मेवों की ताजगी के कारण अत्यंत खास होता है। बच्चों और बड़ों दोनों के लिए यह पेय गर्मी और उत्साह को नियंत्रित करने में मदद करता है।होली के दिन ठंडाई को ठंडा-ठंडा सर्व करें। इसे ग्लास में डालकर ऊपर से गुलाब की पंखुड़ियाँ या सूखे मेवे डालें, तो यह देखने में भी बेहद आकर्षक लगती है। हाथ से तैयार ठंडाई हर परिवार के लिए एक परंपरा और यादगार अनुभव बन जाती है।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी: नारियल लड्डू
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में नारियल लड्डू एक सरल और स्वादिष्ट मिठाई है। इसके लिए ताज़ा नारियल को हाथ से कद्दूकस करें। आप चाहें तो थोड़े सूखे नारियल भी इस्तेमाल कर सकते हैं। कद्दूकस किए हुए नारियल में गुड़ या चीनी डालकर हल्की आंच पर पकाएं। हाथ से पकाने पर नारियल का स्वाद प्राकृतिक और कुरकुरा बना रहता है। नारियल और गुड़ के मिश्रण को ठंडा होने पर छोटे-छोटे गोले बनाएं। आप चाहें तो लड्डू में काजू, किशमिश या पिस्ता भी डाल सकते हैं।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में लड्डू हाथ से बनने के कारण पूरी तरह से प्राकृतिक और पारंपरिक बनते हैं। इसे बच्चों के लिए पैक कर सकते हैं या होली की मेज पर सजाकर सर्व कर सकते हैं।नारियल लड्डू न केवल स्वाद में मीठे होते हैं बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी अच्छे माने जाते हैं। नारियल में प्राकृतिक तत्त्व और गुड़ में ऊर्जा होती है, जिससे यह होली के जश्न के लिए उत्तम विकल्प बन जाता है। लड्डू को आकर्षक प्लेट में सजाने से यह देखने में भी सुंदर लगते हैं और सभी उम्र के लोगों के लिए पसंदीदा मिठाई बन जाते हैं।

होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी: बेसन के पकौड़े
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में बेसन के पकौड़े भी बहुत लोकप्रिय हैं। इसके लिए बेसन, हल्दी, लाल मिर्च पाउडर, नमक और थोड़ी हरी मिर्च को हाथ से मिलाएं। इसमें थोड़ा पानी डालकर गाढ़ा मिश्रण तैयार करें। मिक्सर की जगह हाथ से मिलाने पर मसालों का स्वाद संतुलित और प्राकृतिक रहता है। तैयार मिश्रण को छोटे-छोटे आकार में काटकर गर्म तेल में तलें। पकौड़े को मध्यम आंच पर तलें ताकि यह अंदर तक पूरी तरह से पक जाए और बाहर से क्रिस्पी बने।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में पकौड़े का स्वाद और भी बढ़ जाता है क्योंकि यह हाथ से बनाए गए मसाले और बेसन के कारण अधिक खुशबूदार और कुरकुरे होते हैं। पकौड़ों को हरी चटनी या इमली की चटनी के साथ सर्व करें। यह स्नैक बच्चों और बड़ों दोनों के लिए आकर्षक होता है। होली के उत्सव में पकौड़े की गर्माहट और कुरकुरापन जश्न को और भी आनंददायक बना देता है। हाथ से तैयार पकौड़े किसी भी मिक्सर से तैयार पकौड़े की तुलना में हमेशा अधिक स्वादिष्ट और पारंपरिक लगते हैं।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी: हलवा
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में हलवा एक पारंपरिक मिठाई है जो जल्दी और आसानी से बन जाती है। सूजी या बेसन का हलवा हाथ से ही तैयार किया जाता है। सबसे पहले सूजी/बेसन को घी में धीमी आंच पर भूनें। ध्यान रखें कि हलवा जल न जाए, इसलिए लगातार चलाते रहें। भूनने के दौरान हलवे में खुशबू आने लगेगी और इसका रंग हल्का सुनहरा हो जाएगा। इस दौरान आप चीनी, पानी या दूध और सूखे मेवे जैसे बादाम, काजू, किशमिश डालकर हलवे को तैयार कर सकते हैं।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में हलवा हाथ से बनने के कारण इसका स्वाद बहुत ही पारंपरिक और प्राकृतिक रहता है। हलवा न केवल मिठास देता है बल्कि गर्माहट और ऊर्जा भी प्रदान करता है, जो होली के खेल और उत्सव के लिए जरूरी होती है। हिलवा को सर्व करने से पहले थोड़ा ठंडा होने दें और ऊपर से पिस्ता या केसर छिड़कें। यह देखने में सुंदर और खाने में स्वादिष्ट लगता है। बच्चों और बड़ों दोनों के लिए हलवा हमेशा से ही होली की मिठाई का हिस्सा रहा है। हाथ से तैयार हलवा हर किसी के लिए उत्सव का आनंद बढ़ाता है और होली के रंगों के साथ मिठास का अनुभव देता है।

होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी: मूँग दाल का चिल्ला
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में मूँग दाल का चिल्ला एक हल्का और प्रोटीन से भरपूर विकल्प है। मूँग दाल को रातभर भिगोकर रख लें और अगले दिन हाथ से अच्छी तरह पीस लें। इसमें नमक, हरी मिर्च और हल्का सा जीरा डालकर मिश्रण तैयार करें। मिक्सर का इस्तेमाल न करने पर चिल्ला का स्वाद और पोषण अधिक रहता है।तवा गरम करके हल्का तेल डालें और तैयार मिश्रण को तवे पर फैलाकर गोल आकार में सेंकें। चिल्ला को धीमी आंच पर दोनों तरफ से सुनहरा होने तक सेंकें।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में मूँग दाल का चिल्ला बच्चों और बड़ों दोनों के लिए हेल्दी और स्वादिष्ट नाश्ता बन जाता है। सर्व करते समय चिल्ला के साथ हरी चटनी या दही डालें। यह न केवल स्वाद बढ़ाता है बल्कि होली के व्यस्त दिन में हल्का और ऊर्जा देने वाला भोजन भी प्रदान करता है। हाथ से पीसी मूँग दाल का प्राकृतिक स्वाद हर किसी को पसंद आता है और यह पारंपरिक होली के नाश्ते का अहम हिस्सा बन जाता है।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी: खीचड़ी
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में खीचड़ी एक सरल और पारंपरिक व्यंजन है। खीचड़ी बनाने के लिए चावल और मूँग दाल को धोकर अलग रखें। हाथ से दाल को अच्छी तरह पीसकर मिश्रण तैयार करें। इसे धीमी आंच पर घी और हल्की मसालों के साथ पकाएं। होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में खीचड़ी का स्वाद हाथ से पिसी हुई दाल और ताजे मसालों के कारण अधिक प्राकृतिक और संतुलित रहता है।
खीचड़ी के लिए गाजर, मटर या हरी सब्जियां भी डाल सकते हैं। पकने के बाद खीचड़ी को हरी धनिया से सजाएं और नींबू के रस के साथ परोसें। यह हल्का, पौष्टिक और गर्माहट देने वाला भोजन होता है, जो होली के उत्सव में विशेष रूप से पसंद किया जाता है। बच्चों और बड़ों के लिए खीचड़ी आरामदायक और स्वादिष्ट विकल्प बन जाती है।

होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी: आलू के कटलेट
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में आलू के कटलेट एक क्रिस्पी और स्वादिष्ट स्नैक हैं। उबले आलू को छीलकर अच्छी तरह मैश करें। इसमें नमक, हरी मिर्च, धनिया, हल्का मसाला डालकर हाथ से मिक्स करें। मिक्सर न इस्तेमाल करने पर कटलेट का स्वाद प्राकृतिक और कुरकुरा रहता है। तैयार मिश्रण को गोल या अंडाकार आकार में बनाकर ब्रेडक्रंब्स में लपेटें। फिर इसे तेल में मध्यम आंच पर तलें।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में हाथ से तैयार आलू के कटलेट बच्चों और बड़ों दोनों के लिए खास व्यंजन बन जाते हैं। यह स्नैक न केवल स्वाद में बढ़िया है बल्कि देखने में भी आकर्षक लगता है। कटलेट को हरी चटनी या टोमाटो सॉस के साथ सर्व करें। होली के जश्न में यह गर्म, कुरकुरे और स्वादिष्ट स्नैक के रूप में सभी को खुश करता है। हाथ से तैयार कटलेट किसी भी मशीन या मिक्सर से बने कटलेट से कहीं अधिक प्राकृतिक और स्वादिष्ट लगते हैं।
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी: पनीर टिक्का
होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में पनीर टिक्का एक हेल्दी और स्वादिष्ट व्यंजन है। पनीर के टुकड़ों को हाथ से बने मसाले जैसे दही, हल्दी, लाल मिर्च पाउडर, धनिया और हरी मिर्च के साथ मेरिनेट करें। मिक्सर न उपयोग करने पर मसाले का स्वाद प्राकृतिक और संतुलित रहता है। टिक्का को तवे या ओवन पर धीमी आंच पर सेंकें।
दोनों तरफ से सुनहरा होने पर निकालें। होली पर बिना मिक्सर की रेसिपी में हाथ से मेरिनेट किया पनीर टिक्का बच्चों और बड़ों दोनों को पसंद आता है। इसे हरी चटनी और नींबू के स्लाइस के साथ सर्व करें। पनीर टिक्का न केवल स्वादिष्ट होता है बल्कि प्रोटीन से भरपूर होने के कारण होली के दौरान ऊर्जा भी प्रदान करता है। हाथ से तैयार टिक्का हर किसी को उत्सव के रंगों के साथ पारंपरिक स्वाद का अनुभव देता है।